सेना में नौकरी दिलाने के नाम पर ठगी: कश्मीर में गिरोह ने 8 बेरोजगारों से 25 लाख ऐंठे, खुदको कश्मीरी पंडित बताता था ठग

कुपवाड़ा2 मिनट पहले

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जम्मू कश्मीर पुलिस ने कुपवाड़ा जिले में सेना में भर्ती कराने के नाम पर युवाओं से ठगी करने वाले गिरोह का खुलासा किया है। पुलिस ने पांच लोगों को अरेस्ट किया है। इस गिरोह ने उत्तरी कश्मीर के 8 बेरोजगार युवाओं से मिलिटरी इंजीनियरिंग सर्विसेज में नौकरी दिलाने के नाम पर 25 लाख रुपए की ठगी की थी। पुलिस ने बताया इस केस में और गिरफ्तारियां हो सकती हैं।

आरोपियों के पास से गेटपास, लैपटॉप, डेस्कटॉप, नकली नियुक्ति पत्र, प्रिंटर और सेलफोन बरामद हुए हैं।

पीड़ित के पिता की शिकायत पर केस
पुलिस के मुताबिक 1 सितंबर को एक शिकायतकर्ता ने बताया कि दूलीपोरा त्रेहगाम निवासी नाजिर अहमद खान नाम के एक व्यक्ति ने मिलिट्री इंजीनियरिंग सर्विसेज (MES) में भर्ती कराने के नाम पर उनके बेटे के साथ ठगी की। नाजिर ने फर्जी अपॉइंटमेंट लेटर दिखाकर उनके बेटे से 70 हजार रुपए ले लिए। पुलिस ने FIR दर्ज करके जांच शुरू की।

नाजिर की गिरफ्तारी के बाद पूरे गिरोह का खुलासा हुआ
पुलिस ने नाजिर अहमद खान को गिरफ्तार किया। पूछताछ के दौरान नाजिर ने ऐसे गिरोह का खुलासा किया जो युवाओं को नौकरी का झांसा देकर ठगी करते थे। नाजिर ने जांच के दौरान अपने चार साथियों जहूर अहमद मीर, शकील अहमद मकरू, फिरोज अहमद खासु और शफकत अहमद शाह के नाम बताए, जिन्हें पुलिस ने गिरफ्तार किया।

खुद को कश्मीरी पंडित और MES अफसर बताता था शकील
पुलिस के मुताबिक शकील अहमद मकरू ने अपना नाम राजू रखा था और वो खुद को कश्मीरी पंडित और रंगरेथ श्रीनगर में MES अधिकारी बताता था। इसमें जहूर, फिरोज और नाजिर फील्ड एजेंट थे, जिनका काम बेरोजगारों को ढूंढना और उन्हें नौकरी का झांसा देना था। इनमें से शफकत अहमद शाह टेक्निकल एक्सपर्ट है। वो श्रीनगर में हेल्पलाइन एडवरटाइजिंग एजेंसी में काम करता था। उसका काम फर्जी दस्तावेज जैसे फेक अपॉइंटमेंट लेटर प्रिंट करना था। वो जिस जगह काम करता था वहीं ये सब डॉक्युमेंट्स प्रिंट करता था।

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